आज उन्हीं आरोपियों की संपत्ति कुर्क करने की हो रही कार्रवाई
रामपुर बुशहर, 23 अक्टूबर मीनाक्षी
आईपीएस अधिकारी संजीव गांधी के एसपी रहते नशा तस्करी के खिलाफ पुलिस ने कई महत्वपूर्ण कार्रवाइयां की थीं। उस दौरान नशे के अवैध कारोबार में संलिप्त आरोपियों को पकड़ने में पुलिस ने अहम भूमिका निभाई थी। अब इन्हीं मामलों से जुड़े आरोपियों की संपत्ति कुर्क किए जाने की कार्रवाई चर्चा में है।
नशा तस्करी के खिलाफ की गई कार्रवाई के दौरान पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ाई थी। अब संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई को नशे के अवैध कारोबार से अर्जित संपत्ति के खिलाफ उठाए जा रहे कदमों के रूप में देखा जा रहा है।
नशा तस्करी युवाओं और समाज के लिए गंभीर चुनौती है। ऐसे में नशे के अवैध कारोबार में संलिप्त लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई के साथ उनकी अवैध कमाई से अर्जित संपत्ति पर कार्रवाई करना भी महत्वपूर्ण माना जाता है।
रामपुर से कोटखाई तक नशा तस्करों पर शिकंजा कसा है। पुलिस ने तीन तस्करों की करीब 1.13 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त की है। इनमें एन बहादुर उर्फ राजू, लक्ष्मी और कोटखाई निवासी आर्यन शामिल हैं। पुलिस जांच के अनुसार, आरोपियों ने नशे के अवैध कारोबार से अर्जित धन से वाहन और मकान खरीदे थे। कार्रवाई के तहत एन बहादुर और लक्ष्मी की करीब 53 लाख रुपये की संपत्ति फ्रीज की गई, जबकि आर्यन की करीब 60 लाख रुपये की संपत्ति जब्त की गई। अभी और भी ऐसे कई उदाहरण हैं जिनकी संपत्ति कुर्क की गई है।
आईपीएस अधिकारी संजीव गांधी जब शिमला के पुलिस अधीक्षक (एसपी) थे, उस दौरान नशा तस्करी के खिलाफ पुलिस ने कई महत्वपूर्ण कार्रवाई की थीं। नशे के अवैध कारोबार में संलिप्त आरोपियों को पकड़ने में पुलिस ने अहम भूमिका निभाई थी। अब उन्हीं मामलों से जुड़े आरोपियों की संपत्ति कुर्क किए जाने की कार्रवाई सामने आ रही है।
संजीव गांधी के एसपी शिमला रहते नशा तस्करी के खिलाफ की गई कार्रवाई उस समय चर्चा में रही थी। पुलिस ने नशे के अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए आरोपियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की थी।

