रामपुर बुशहर, 18 जून मीनाक्षी
श्रीखंड महादेव इको-टूरिज्म यात्रा को धार्मिक पर्यटन के साथ-साथ स्थानीय रोजगार और क्षेत्रीय विकास का बड़ा माध्यम बनाने की दिशा में ग्राम पंचायत फांचा में एक ऐतिहासिक बैठक आयोजित की गई। श्रीखंड कैलाश चंडी यात्रा समिति के अध्यक्ष मस्त गिरी बाबा की अध्यक्षता में हुई। इस बैठक में पर्यटन, पर्यावरण संरक्षण और युवाओं के लिए स्वरोजगार के अवसर बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया।
बैठक में मौजूद पंचायत प्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों और ग्रामीणों ने श्रीखंड यात्रा को सुरक्षित, सुव्यवस्थित और पर्यावरण-अनुकूल बनाने के लिए सुझाव दिए। साथ ही सड़क सुविधा से वंचित गांवों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाते हुए क्षेत्रीय विकास से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की गई।
इस दौरान क्षेत्रवासियों ने हिमकोन के चेयरमैन-कम-मैनेजिंग डायरेक्टर विकेश चौहान (गिन्नी) को ज्ञापन सौंपकर लंबित मांगों को मुख्यमंत्री और संबंधित विभागों के समक्ष प्रभावी ढंग से रखने का आग्रह किया।
बैठक की सबसे महत्वपूर्ण मांग स्थानीय युवाओं और युवतियों के लिए निःशुल्क प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू करने की रही। समिति ने हिमकोन, एबीवीआईएमएएस और इको-टूरिज्म योजनाओं के माध्यम से गाइड, ट्रेकिंग, एडवेंचर गतिविधियों और पर्यटन सेवाओं से जुड़े कौशल विकास कार्यक्रम शुरू करने की मांग रखी, ताकि युवाओं को अपने ही क्षेत्र में रोजगार और स्वरोजगार के अवसर मिल सकें।
वन परिक्षेत्र अधिकारी कुन्दन नेगी ने अधिकारियों और स्थानीय युवाओं की संयुक्त टीम गठित कर दो दिनों के भीतर विस्तृत सर्वेक्षण रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए। रिपोर्ट में यात्रा मार्ग, आधारभूत सुविधाएं, पर्यावरण संरक्षण और पर्यटन विकास की संभावनाओं का आकलन किया जाएगा।
विकेश चौहान ने क्षेत्रवासियों को आश्वस्त किया कि सर्वेक्षण रिपोर्ट मिलने के बाद जनप्रतिनिधियों के साथ मुख्यमंत्री से मुलाकात कर श्रीखंड महादेव इको-टूरिज्म परियोजना को आगे बढ़ाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे।
बैठक में विभिन्न पंचायतों के प्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और गणमान्य लोगों ने एक स्वर में क्षेत्र में इको-टूरिज्म को बढ़ावा देने, पर्यावरण संरक्षण को मजबूत बनाने और युवाओं के लिए रोजगार के अवसर सृजित करने का संकल्प लिया। इस अवसर पर
बैठक में वन परिक्षेत्र अधिकारी सराहन कुन्दन नेगी, विभिन्न पंचायतों के प्रधान, उपप्रधान, बीडीसी सदस्य, नव-निर्वाचित जनप्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। प्रमुख रूप से फांचा पंचायत की प्रधान श्रीमती राजकुमारी एवं उपप्रधान सुभाष नेगी (पूर्व बीडीसी सदस्य एवं पूर्व निदेशक), कूट पंचायत की प्रधान सुषमा नेगी, जघोरी पंचायत की प्रधान सुनीता मेहता, लबाना-सदाना पंचायत के प्रधान रविकांत सदानी एवं उपप्रधान अर्जुन केदारटा, गानवी पंचायत की प्रधान शारदा फांकर एवं उपप्रधान पवन कुमार, क्याव पंचायत के प्रधान अशोक कुमार मेहता, बीडीसी सदस्य रितिका खोश तथा लबाना-सदाना एवं सरपारा पंचायत के बीडीसी सदस्य श्री संजीव करशेट सहित विभिन्न पंचायतों के प्रधान, उपप्रधान, वार्ड पंच एवं अन्य जनप्रतिनिधियों ने सक्रिय भागीदारी निभाई।
इसके अतिरिक्त, 15/20 विकास सभा के अध्यक्ष मोहन मेहता, पूर्व प्रधान कूट विजय महाटेट, सभा के समस्त पदाधिकारी, विभिन्न पंचायतों के प्रधान, उपप्रधान, बीडीसी सदस्य तथा क्षेत्र के अनेक गणमान्य व्यक्तियों एवं ग्रामीणों ने भी बैठक में उत्साहपूर्वक भाग लिया।
फोटो कैप्शन
रामपुर बुशहर : बैठक में मौजूद क्षेत्र के लोग व पंचायत प्रतिनिधि।

